रजस्वला चौथे दिन - गोमय,मिट्टी,भस्म मिलाकर स्नान करे, फिर स्नान कर , टिका लगाकर , पुष्प आदि से अलंकृत होकर - तीन आचमन करके पुष्पों से सूर्यनारायण का पूजन कर प्रार्थना करे "(इन्द्रं प्रभो वरं मह्यमिदानीं दातुमर्हसि।।)"
इस प्रकार इन्द्र जैसा पराक्रमी पति की कामना करें.. इस प्रकार प्रार्थना करने के बाद
ऋतुस्नाता स्नेहपूर्वक जिस पुरुष को दैखती है, तदनुरूप पुत्र को जन्म दैती हैं इसलिये अपने पति का दर्शन करें --- *(ऋतुस्नाता तु या नारी यं स्नेहान्नरमीक्षते। तादृशं जनयेत् पुत्रं पतिमेव निरीक्षयेत्।। संस्कार रत्नमाला।।)*
Sunday, 16 December 2018
पति जैसा पुत्र पाने का उपाय
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देवता खुडीजह्ळ जी को शाळी लगाने का विचार
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